• देहरादून/उत्तरकाशी।
    उत्तरकाशी जनपद के प्रथम पीसीएस (PCS) अधिकारी और बाद में आईएएस (IAS) कैडर में पदोन्नत हुए वरिष्ठ पूर्व प्रशासनिक अधिकारी चंद्र सिंह जी का निधन हो गया है। वह वर्तमान में देहरादून में निवास कर रहे थे। उनके निधन की खबर से प्रशासनिक जगत सहित उत्तरकाशी और पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई है।


    👇ईमानदारी और शुचिता की मिसाल था जीवन👇
    पूर्व आईएएस चंद्र सिंह जी का पूरा जीवन प्रशासनिक शुचिता, सादगी और अटूट ईमानदारी की एक अनूठी मिसाल था। अपने सेवाकाल के दौरान उन्होंने हमेशा समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की सेवा को प्राथमिकता दी।


    👇पिछड़े और दलित समाज को मुख्यधारा में लाने के लिए किया संघर्ष👇
    चंद्र सिंह ने अपने जीवन में ईमानदारी से कर्तव्यों का निर्वहन करने के साथ-साथ समाज के पिछड़े तबके को आगे बढ़ाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने विशेषकर दलित समाज के उत्थान और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए कई ऐतिहासिक व उल्लेखनीय कार्य किए, जिसके लिए समाज हमेशा उनका ऋणी रहेगा। उनके निधन से समाज ने एक सच्चे मार्गदर्शक और आदर्शवादी व्यक्तित्व को खो दिया है।


    👇बचपन के सहपाठी परिवार ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि 👇
    स्व. लाखीराम सजवान जी के परिवार और परिजनों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि, “चंद्र सिंह जी उनके पिता स्व. लाखीराम सजवान के बचपन के सहपाठी थे। उनके निधन का समाचार अत्यंत दुखद और पीड़ादायक है। उन्होंने हमेशा उच्च नैतिक मूल्यों को जीवित रखा।”
    क्षेत्र के तमाम सामाजिक कार्यकर्ताओं, बुद्धिजीवियों और स्थानीय जनता ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है और शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट की हैं।

  • देहरादून। भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष एवं राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग की पूर्व सदस्य डॉ० सुश्री स्वराज विद्वान ने देहरादून सचिवालय में उच्च शिक्षा सचिव बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान उन्होंने राजकीय महाविद्यालय ब्रह्मखाल (उत्तरकाशी) में संस्कृत, इतिहास, भूगोल और शिक्षा शास्त्र विषयों को शीघ्र स्वीकृति देने के लिए विस्तृत ज्ञापन सौंपा।


    डॉ. स्वराज विद्वान ने उच्च शिक्षा सचिव को अवगत कराया कि इन विषयों के न होने से क्षेत्र के दूरस्थ ग्रामीण छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए अन्यत्र जाना पड़ता है। भौगोलिक व आर्थिक तंगहाली के कारण कई प्रतिभावान विद्यार्थी पढ़ाई छोड़ने को मजबूर हैं।

    इन विषयों की मंजूरी मिलने से स्थानीय स्तर पर ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सकेगी। उच्च शिक्षा सचिव ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रस्ताव पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। डॉ. विद्वान ने कहा कि छात्रहित व क्षेत्र का विकास उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए प्रयास निरंतर जारी रहेंगे।

  • विकास खण्ड डुण्डा में “देवभूमि उत्तराखण्ड: सेवा, सुशासन, समर्पण – जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में डुण्डा के ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार ने मुख्य रूप से सहभागिता की।


    इस विशेष अवसर पर ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार ने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व और उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यकाल के सफलतापूर्वक पाँच वर्ष पूर्ण होने पर उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं।


    “*मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में उत्तराखण्ड में सेवा, सुशासन, पारदर्शिता एवं जनकल्याण को एक नई दिशा मिली है। सरकार ने युवाओं, महिलाओं, किसानों और अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के कल्याण के लिए कई ऐतिहासिक निर्णय लेकर प्रदेश के विकास को रफ्तार दी है। “
    — *राजदीप सिंह परमार, ब्लॉक प्रमुख(डुण्डा)*


    👇कार्यक्रम में ये रहे मौजूद👇


    कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के विकास और जनहित की योजनाओं पर चर्चा की गई। इस दौरान मंच पर मुख्य रूप से उपस्थित रहे:
    👉श्री रमेश चौहान (जिला पंचायत अध्यक्ष)
    👉श्री विजय संतरी (वरिष्ठ भाजपा नेता)
    👉मुख्य विकास अधिकारी उत्तरकाशी जय भरत सिहं
    👉उपजिलाधिकारी डुण्डा देवानंद शर्मा
    👉खण्ड विकास अधिकारी डुण्डा दिनेश चंद जोशी


    इसके साथ ही क्षेत्र के विभिन्न जनप्रतिनिधि, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य और कई विभागों के अधिकारी व कर्मचारी भी मौजूद रहे।
    अंत में ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में विकसित एवं आत्मनिर्भर उत्तराखण्ड के निर्माण के संकल्प को दोहराया। उन्होंने स्थानीय जनता और अधिकारियों से प्रदेश के चौमुखी विकास में अपनी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील

  • यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर हनुमानचट्टी के पास पहाड़ी से भारी बोल्डर (चट्टान) और मलबे के आने से मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। पहाड़ी से लगातार पत्थर गिरने के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं,

    जिससे राहगीरों और तीर्थयात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।


    👇लगातार गिर रहे हैं पत्थर👇
    प्राप्त जानकारी के अनुसार, हनुमानचट्टी के पास ऊपरी पहाड़ी से अभी भी रुक-रुक कर पत्थर गिर रहे हैं, जिससे दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। घटना की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) बड़कोट प्रशासन को तुरंत मामले की सूचना दी गई।
    मशक्कत के बाद खोला गया रास्ता,

    👇बड़ा बोल्डर तोड़ने की तैयारी👇
    एनएच प्रशासन और संबंधित टीम द्वारा मौके पर त्वरित कार्रवाई करते हुए फिलहाल मार्ग को यातायात के लिए सुचारू (क्लियर) कर दिया गया है। हालांकि, सड़क के किनारे अभी भी एक बहुत बड़ा बोल्डर मौजूद है, जिसे हटाने के लिए संबंधित विभाग द्वारा ब्लास्टिंग या पोकलैंड मशीन के जरिए तोड़ने की कार्यवाही की जाएगी।


    👇कल भी 5 घंटे बंद रहा था मार्ग👇
    गौरतलब है कि बीते दिन भी सुबह ठीक 10:00 बजे भारी मलबा आने से रास्ता पूरी तरह बंद हो गया था, जिसे प्रशासन द्वारा कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर लगभग 3:00 बजे के आसपास खोला जा सका था।


    👇स्यानाचट्टी में ट्रैफिक सामान्य👇
    ताजा अपडेट के अनुसार, हनुमानचट्टी के पास मार्ग सुचारू होने के बाद अब स्यानाचट्टी (Syanachatti) क्षेत्र में भी यातायात पूरी तरह सामान्य (Traffic Clear) हो गया है और वाहनों की आवाजाही शुरू हो चुकी है।

    प्रशासन ने चालकों को पहाड़ी से गिर रहे पत्थरों को देखते हुए क्षेत्र में सावधानीपूर्वक वाहन चलाने की अपील की है।

  • जनपद प्रभारी व कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा ने मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्ज्वलित कर इस राज्यव्यापी अभियान का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई विकास प्रदर्शनियों का निरीक्षण भी किया।


    समारोह को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा ने सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता, देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून और दंगा विरोधी कानून लागू किए गए हैं। साथ ही नेशनल गेम्स की मेजबानी और खिलाड़ियों को 4% क्षैतिज आरक्षण की बात कही। उन्होंने बताया कि महिलाओं को नौकरियों में 33% आरक्षण और 2 लाख से अधिक महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाकर आत्मनिर्भर बनाया गया है।

    👆 बाइट जिलाधिकारी प्रशांत आर्य 👆


    कार्यक्रम में गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान ने क्षेत्र के विकास कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गंगोत्री विधानसभा में 23 करोड़ की लागत से क्रिटिकल केयर अस्पताल का निर्माण चल रहा है और 113 करोड़ की लागत से जल्द ही ‘आस्था पथ’ का काम शुरू होगा। इसके साथ ही क्षेत्र में अरबों रुपये की लागत से सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है।

    👆 बाइट गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान 👆


    इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री ने कृषि, उद्यान, मत्स्य और सहकारिता क्षेत्र के प्रगतिशील किसानों व काश्तकारों को लाखों रुपये के चेक सौंपे। कीवी और एप्पल मिशन के तहत 6 लाख से अधिक तथा मत्स्य व कृषि से जुड़े काश्तकारों को 13 लाख से अधिक के चेक दिए गए। रीप परियोजना के तहत निर्धन महिलाओं को स्वरोजगार व गाय पालन के लिए 35-35 हजार के चेक वितरित किए गए। वहीं, समाज कल्याण विभाग की ओर से 19 दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण व कान की मशीनें बांटी गईं।

    👆बाइट कैबिनेट मंत्री सुबह सौरव  बहुगुणा 👆


    कार्यक्रम का संचालन प्रताप मटूड़ा ने किया। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष रमेश चौहान, जिलाधिकारी प्रशांत आर्य, नगर पालिका अध्यक्ष भूपेंद्र चौहान, सीडीओ जय भारत सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि और जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

  • AHTU उत्तरकाशी पुलिस की बड़ी पहल: स्कूली बच्चों को दिया बाल एवं महिला सुरक्षा का मंत्र
    उत्तरकाशी। बाल, महिला तथा साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से उत्तरकाशी पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाया है। पुलिस अधीक्षक उत्तरकाशी, श्रीमती कमलेश उपाध्याय के कुशल निर्देशन में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) द्वारा सुधाकर गोयल सरस्वती विद्या मंदिर, केशवपुरम (मनेरी) में एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।


    👇इन गंभीर विषयों पर दी गई विस्तृत जानकारी👇
    कार्यक्रम के दौरान उपस्थित छात्र-छात्राओं को समाज में बढ़ रहे अपराधों से बचने और सतर्क रहने के लिए विस्तार से जानकारी दी गई, जिसमें मुख्य रूप से शामिल रहे:
    सुरक्षा: बाल एवं महिला सुरक्षा।
    सामाजिक अपराध: मानव तस्करी (Human Trafficking), बाल श्रम, बाल विवाह और बाल भिक्षावृत्ति।
    डिजिटल सुरक्षा: साइबर अपराध (Cyber Crime) के तरीके और उनसे बचाव।


    महत्वपूर्ण सीख: बच्चों को विशेष रूप से समझाया गया कि वे किसी भी अपरिचित (अंजान) व्यक्ति से सतर्क रहें, किसी के बहकावे या झांसे में न आएं और बिना सत्यापन किसी पर भी भरोसा न करें।


    👇आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर्स की दी गई जानकारी👇
    किसी भी आपात स्थिति में तत्काल सहायता प्राप्त करने के लिए पुलिस टीम द्वारा बच्चों के साथ कुछ महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर्स और ऐप्स की जानकारी साझा की गई:
    👇सेवा / हेल्पलाइननंबर / माध्यम👇
    आपातकालीन सेवा112
    चाइल्ड हेल्पलाइन1098
    साइबर हेल्पलाइन1930
    डिजिटल पुलिसिंगउत्तराखण्ड पुलिस एप्प (Uttarakhand Police App)


    इसके साथ ही बच्चों को पॉक्सो अधिनियम (POCSO Act) के कड़े प्रावधानों और इसके तहत मिलने वाली सुरक्षा के बारे में भी जागरूक किया गया, ताकि वे किसी भी विषम परिस्थिति में बिना डरे तत्काल पुलिस सहायता ले सकें।

  • भटवाड़ी तहसील अंतर्गत सीमांत हर्षिल में भागीरथी नदी के बढ़े जलस्तर से उत्पन्न स्थिति का जायजा लेने हेतु जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने बुधवार को हर्षिल का दौरा कर स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को सुरक्षात्मक कार्यों में तेजी लाने और सुरक्षा मानकों का पालन करने के निर्देश दिए।



    जिलाधिकारी ने गढ़वाल मण्डल विकास निगम के समीप चल रहे सीसी ब्लॉक और वायरक्रेट सुरक्षात्मक कार्यों का निरीक्षण कर कार्यदायी संस्था को निर्माण स्थल पर श्रमिकों की संख्या बढ़ाने और कार्य की रफ्तार में तेजी लाने के निर्देश दिए, ताकि मानसून के दौरान हर्षिल में नदी के समीप आवासीय भवनों और भूमि को पूरी तरह सुरक्षित किया जा सके। नदी के बहाव दिशा में एक पेड़ आने से नदी के बहाव की दिशा प्रभावित होने की संभावनाओं को देखते हुए जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को तत्काल पेड़ हटाने की कार्रवाई करने के निर्देश दिए।



    निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने नदी के दूसरी ओर कुछ पेड़ जो नदी की और झुके हुए हैं,जिससे पानी के प्राकृतिक बहाव में रुकावट आने की संभावना है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को इन पेड़ों को हटाने के निर्देश दिए,ताकि नदी का बहाव सुचारू रूप से चल सके।



    जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी रखें। उन्होंने स्पष्ट किया कि जन सुरक्षा जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा नदी कटाव को रोकने और संभावित जोखिम को कम करने के लिए सभी आवश्यक सुरक्षात्मक एवं राहत कार्य युद्धस्तर पर किए जा रहे हैं।



    निरीक्षण के दौरान आर्मी कर्नल शशांक सप्पल, उपजिलाधिकारी भटवाड़ी शालिनी नेगी, अधिशासी अभियंता सिंचाई सचिन सिंहल, डीडीएमओ शार्दुल गुसाईं सहित अन्य अधिकारी और ग्रामीण उपस्थित रहे।

  • मुख्य विकास अधिकारी (CDO) एवं नोडल अधिकारी स्वीप जय भारत सिंह की अध्यक्षता में शनिवार को विकास भवन में मतदाता सूचियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सीडीओ ने भारत निर्वाचन आयोग और मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तराखण्ड के दिशा-निर्देशों के क्रम में जन-जागरूकता गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की और अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से कार्य करने के कड़े निर्देश दिए।


    👇समाज के हर वर्ग तक पहुंचेगी जागरूकता👇
    मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि इस अभियान की सफलता के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी अनिवार्य है। उन्होंने स्वीप टीम को निर्देशित किया कि जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत सदस्यों, ग्राम प्रधानों, सामाजिक संगठनों और महिला स्वयं सहायता समूहों (SHGs) के माध्यम से धरातल पर अभियान को गति दी जाए। मतदाता सूचियों को पूरी तरह पारदर्शी और त्रुटिहीन बनाने के लिए राजनीतिक दलों का भी सक्रिय सहयोग लिया जाएगा।


    युवा मतदाताओं पर विशेष फोकस👇
    सीडीओ जय भारत सिंह ने कॉलेजों और उच्च शिक्षण संस्थानों में 18-19 वर्ष के नए व युवा मतदाताओं के पंजीकरण के लिए विशेष जागरूकता कैंप आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया के माध्यम से जन-जन तक यह संदेश पहुँचाया जाए ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता बनने से वंचित न रहे।


    👇मदद के लिए हेल्पलाइन 1950 सक्रिय👇
    सीडीओ ने बताया कि निर्वाचन या मतदाता सूची से जुड़ी किसी भी समस्या या जानकारी के लिए नागरिक निःशुल्क हेल्पलाइन नंबर 1950 पर कॉल कर सकते हैं। इसके अलावा मतदाताओं की सीधी सहायता के लिए सभी ERO (निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी) और AERO स्तर पर विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। उन्होंने आम जनता से समय पर पंजीकरण व संशोधन कराने की अपील की है।
    👇बैठक में यह रहे उपस्थित👇
    समीक्षा बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी शैलेंद्र अमोली, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल संदीप नेगी, जिला विकास अधिकारी रमेशचंद्र आर्य, जिला सहायक निर्वाचन अधिकारी राकेश मोहन राणा, खंड शिक्षा अधिकारी हर्षा रावत और स्वीप प्रभारी डॉ. शम्भू प्रसाद नौटियाल सहित कई अधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे, जबकि अन्य संबंधित अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े रहे।

  • मानसून सीजन के दौरान संभावित आपदा और भूस्खलन की चुनौतियों से निपटने के लिए जिला प्रशासन और सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जनपद के एक दिवसीय दौरे पर पहुंचे सूबे के आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री मदन कौशिक ने अधिकारियों की उच्च स्तरीय बैठक ली। कैबिनेट मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उत्तरकाशी आपदा के लिहाज से बेहद संवेदनशील जिला है, इसलिए सभी विभाग आपसी समन्वय और पूरी तत्परता से धरातल पर काम करें ताकि जान-माल का नुकसान न के बराबर हो।


    कैबिनेट मंत्री ने लोक निर्माण विभाग, एनएच और पीएमजीएसवाई को निर्देश दिए कि बरसात में जिन मार्गों पर लैंडस्लाइड का खतरा सबसे ज्यादा है, उन्हें चिन्हित कर दोनों तरफ जेसीबी और पोकलैंड मशीनें तैनात रखी जाएं।

    इसके साथ ही उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सड़क मार्ग से कटने वाले दूरस्थ गांवों के नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों में डॉक्टरों की अनिवार्य तैनाती और जीवन रक्षक दवाइयाँ एडवांस में उपलब्ध कराने को कहा। जल संस्थान और विद्युत विभाग को भी आपदा के दौरान पर्याप्त संसाधन रिजर्व रखने के निर्देश दिए गए हैं।

                        👆बाईट मदन कैशिक👆
    👉प्रशासन की तैयारी👉 25 संवेदनशील जोन और 19 हेलीपैड तैयार👇
    बैठक में जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने मानसून पूर्व तैयारियों का ब्योरा देते हुए बताया कि जनपद में कुल 25 संवेदनशील जोन चिन्हित किए गए हैं, जहां सड़कें खोलने के लिए 60 से अधिक मशीनें तैनात हैं। आपातकालीन स्थिति के लिए 68 स्कूलों को शेल्टर होम बनाया गया है। राहत कार्य के लिए एसडीआरएफ की 6 और एनडीआरएफ की 2 टीमें ग्राउंड पर मुस्तैद हैं। इसके अलावा आपातकालीन सेवा के लिए जनपद में 19 सक्रिय हेलीपैड पूरी तरह तैयार हैं और 53 अन्य मैदानों को भी चिन्हित किया

  • नगरासू में कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने वाले निहंगों को कथित रूप से सम्मानपूर्वक छोड़े जाने के मामले ने अब राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। इस घटना को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल (उक्रांद) ने कड़ी आपत्ति जताई है। मामले में दोषियों पर त्वरित और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग को लेकर उक्रांद का एक प्रतिनिधिमंडल कल (गुरुवार, 25 जून) जिलाधिकारी उत्तरकाशी के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित करेगा।


    उत्तराखंड क्रांति दल की केंद्रीय महामंत्री व केंद्रीय महिला प्रकोष्ठ की प्रभारी किरन रावत ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि नगरासू की घटना बेहद गंभीर है। जिस प्रकार से वहां कानून हाथ में लेने वाले तत्वों को बिना किसी कड़ी कार्रवाई के सम्मान के साथ भेजा गया, वह देवभूमि की कानून व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े करता है। दल इस प्रकार की ढिलाई को कतई बर्दाश्त नहीं करेगा।


    उक्रांद नेताओं के अनुसार, कल दोपहर ठीक 12:00 बजे दल के कार्यकर्ता और पदाधिकारी जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचेंगे और प्रदर्शन करते हुए सूबे के मुखिया को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपेंगे। दल ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में जल्द से जल्द सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो उक्रांद प्रदेश स्तर पर उग्र आंदोलन के लिए विवश होगा।