• उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    राज्य सरकार के तीन वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष में सुशासन सप्ताह के अंतर्गत आज विकासखंड डुंडा में बहुद्देशीय शिविर और चिकित्सा शिविरों का आयोजन किया गया। जिसमें विभागों द्वारा लाभार्थियों को योजना राशि के चेक ओर आवश्यक सामग्री वितरित की गई।

    विकासखंड डुंडा के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि विधायक गंगोत्री सुरेश चौहान ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा राज्य सरकार ने 3 साल में अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक जन-कल्याणकारी योजना का लाभ दिलाने के एजेंडे पर काम किया है।

    उन्होंने गंगोत्री विधानसभा क्षेत्र में  किए जा रहे विभिन्न विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने जन कल्याण के लिये कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू की हैं।


    उत्तराखंड सरकार द्वारा बनाए गए नकल विरोधी कानून से आज जनपद में सरकारी नौकरियों की तैयारी करने वाले छात्रों के सपने साकार हो रहे हैं। राज्य सरकार द्वारा मातृशक्ति को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बिना ब्याज के 5 लाख का ऋण दिया जा रहा है। तथा जनता के हित में अनेक जनकल्याण के कानून जैसे समान नागरिक संहिता, सरकारी नौकरियों में उत्तराखण्ड आंदोलनकारियों को 10 प्रतिशत आरक्षण, सख्त भू–कानून आदि कानूनों को पारित किया है।  जनपद में राज्य सरकार द्वारा हेली सेवा का भी  विस्तार किया जा रहा है। तथा राज्य के निवासियों कि आजीविका ओर रोजगार बढ़ाने के लिए भी राज्य सरकार द्वारा शीतकालीन यात्रा को शुरू किया है।

    इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष नागेन्द्र चौहान ने राज्य सरकार के द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का आम जनमानस से लाभ उठाने की अपील की। क्षेत्र पंचायत प्रशासक डुंडा शैलेंद्र कोहली तथा भटवाड़ी क्षेत्र पंचायत प्रशासक विनीता रावत  ने उत्तराखंड सरकार की 3 साल की उपलब्धियां गिनाई।


    कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी एसएल सेमवाल, उपजिलाधिकारी डुंडा देवानंद शर्मा, परियोजना निदेशक अजय सिंह , खंड विकास अधिकारी दिनेश चंद जोशी,प्रताप राणा,जगमोहन रावत, लोकेन्द्र बिष्ट, गंगोत्री मंदिर समिति के रावल हरीश सेमवाल सहित अनेक ग्राम पंचायत प्रशासक एवं गणमान्य लोग  उपस्थित रहे।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    जिला पंचायत प्रशासक ने यमुनोत्री यात्रा तैयारियां  की समीक्षा बैठक


    आगामी चारधाम यात्रा को सुव्यवस्थित व सुरक्षित तरीके से संचालित करने के लिए जिला पंचायत उत्तरकाशी ने कमर कस ली है। 
    सोमवार को  निवर्तमान अध्यक्ष/प्रशासक दीपक बिजल्वाण ने  यमुनोत्री धाम के मुख्य पड़ाव  बड़कोट लोनिवि विश्राम गृह में  यात्रा से जुड़े विभागों की बैठक ली । बैठक में श्री बिजल्वाण ने चारधाम यात्रा  व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद करने के विभागों को  समय से सुनिश्चित करने के निर्देश  देते हुए  कहा है कि यात्रा को सुगम व सुचारू बनाए रखने में लिए सड़कों की महत्वपूर्ण भूमिका है।  लिहाजा संबंधित विभाग व संगठन यात्रा मार्गों को दुरस्त बनाए रखने पर विशेष ध्यान दें। 


      उन्होंने यमुनोत्री धाम के यात्रा के मुख्य पड़ाव डामटा से  लेकर तमाम पार्किंग व्यवस्था, शौचालय, पैदल मार्ग पर घोडा पड़ाओ को लेकर यमुनोत्री धाम तक  पेयजल आपूर्ति, विद्युत व्यवस्था तथा यात्रियों की सुविधाओं से संबंधित कार्यों पर भी प्राथमिकता से ध्यान देकर सभी व्यवस्थाएं तुरंत दुरस्त करने के निर्देश दिए हैं।   उन्होंने जानकीचट्टी से लेकर यमुनोत्री धाम तक चार धाम यात्रा व्यवस्थाओं को सुरक्षित बनाए रखने के उपाय सुनिश्चित करने के साथ ही घोड़ा पड़ाव, पैदल रास्ताओं पर शोचालय की साफ-सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
     बैठक के बाद जिला पंचायत प्रशासक आलाधिकारियों के साथ पहुंचे यमुनोत्री धाम की यात्रा व्यवस्थाओं को परखने मौके पर पहुंचे हैं ।


    बैठक में उपजिलाधिकारी बड़कोट बृजेश तिवारी पुलिस उपाधीक्षक देवेन्द्र सिंह नेगी, अधिशासी अभियंता एन एच मनोज रावत, जल संस्थान देवराज तोमर, अधिशासी अभियंता विद्युत, अधिशासी अभियंता सिंचाई सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया वहीं होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष  सोबन सिंह राणा, व्यापार मंडल अध्यक्ष धनवीर सिंह रावत, विनित ज्याडा आदि मौजूद रहे है।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    विश्व टी0बी0 दिवस’ के अवसर पर जनसाधारण को क्षयरोग के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से कार्यालय मुख्य चिकित्सा अधिकारी सभागार में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ बी एस रावत की अध्यक्षता में गोष्ठी का आयोजन किया गया तत्पश्चात जन जागरण रैली का आयोजन किया गया रैली को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा0 बी0एस0 रावत द्वारा हरी झण्डी दिखाकर रैली को रवाना किया गया।

    👆विश्व टी0बी0दिवश👆

    रैली बाजार के मुख्य मार्गों से होते हुए कार्यालय मुख्य चिकित्सा अधिकारी परिसर में सम्पन्न हुयी। रैली में राजकीय पाॅलिटेक्निक, उत्तरकाशी के छात्र-छात्राओं द्वारा प्रतिभाग किया गया। गोष्ठी मे मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा उपस्थित जनप्रतिनिधि, छात्र/छात्राओं एवं अन्य को क्षयरोग के प्रति जागरूक किया गया तथा अपील की गयी कि सभी उपस्थित प्रतिभागी अपने-अपने स्तर से आम जनमानस को क्षयरोग के प्रति जागरूक करें। उनके द्वारा विश्व टी0बी0 दिवस की इस वर्ष की थीम  “Yes!we can End TB:Commit, इन्वेस्ट, Deliver” के बारे में सभी छात्र-छात्राओं को अवगत कराया गया एवं क्षयरोग के लक्षण एवं बचाव के सम्बन्ध मेें विस्तृत जानकारी दी गयी। 

    तत्पश्चात मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि जनपद में 23 ग्राम पंचायत को टी0बी0 मुक्त किया गया है जिस हेतु ग्राम पंचायत से आये जनप्रतिनिधियों को गांधी जी की प्रतिमा एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया एवं क्षयरोग जागरूकता हेतु राजकीय पाॅलिटेक्निक के छात्र-छात्राओं के मध्य पोस्टर एवं स्लोगन प्रतियोगियता का आयोजन किया गया जिसमें प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त छात्र-छात्राओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया तथा समता एन0जी0ओ0 द्वारा निक्षय मित्र बनकर 100 क्षयरोगियों को पोषण किट प्रदान की गयी जिस हेतु समता एन0जी0ओ0 को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा0 वी0एस0 पांगती एवं समता एन0जी0ओ0 चकराता द्वारा  भी विचार व्यक्त किये गये।



    इस अवसर पर राजकीय पाॅलिटेक्निक उत्तरकाशी के अध्यापक तथा टी0बी0 क्लीनिक के रघुवीर कण्डारी, अजय बिष्ट, कमल भण्डारी, जोत सिंह, संजय सिंह, बिजेन्द्र तथा अन्य द्वारा सहयोग प्रदान किया गया।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    सेवा, सुशासन और विकास के प्रति समर्पित उत्तराखंड की भाजपा सरकार के तीन सफलतम वर्षों के उपलक्ष्य में रामलीला मैदान उत्तरकाशी में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि डांँ रमेश पोखरियाल’निशंक’ने प्रतिभाग किया।

     
    उन्होने ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र के मार्गदर्शन और  मुख्यमंत्री पुष्कर सिहं धामी के नेतृत्व में, उत्तराखंड ने बीते तीन वर्षों में विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं।

    समान नागरिक संहिता, सख्त नकलरोधी कानून, भू कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून, और दंगारोधी कानून लागू कर सुशासन को सशक्त बनाया गया है।



    राज्य में कनेक्टिविटी को मजबूती देने के लिए सड़क, रेल और रोपवे निर्माण में ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। धार्मिक स्थलों के पुनर्विकास, साहसिक पर्यटन को बढ़ावा, स्थानीय उत्पादों के प्रचार-प्रसार और होम स्टे योजना जैसी पहलों से रोजगार के नए अवसर पैदा हुए हैं।

              👆रामलीला मैदान उत्तरकाशी 👆

    साथ ही छात्रवृत्ति योजनाओं, खेल सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से युवाओं और नागरिकों को बेहतर अवसर मिले हैं।



    बीते तीन सालों से उत्तराखंड निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है और ‘विकसित उत्तराखंड’ की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।

    उन्होने उत्तराखंड सरकार के सफलतम तीन वर्षों के कार्यकाल हेतु प्रदेश के सभी नागरिकों को बधाई दी।

    इस अवसर पर विधायक गंगोत्री सुरेश चौहान तथा भाजपा जिलाध्यक्ष नागेन्द्र सिंह चौहान, मुख्यमंत्री के समन्वयक किशोर भट्ट ने कहा कि राज्य सरकार के तीन साल के सफल कार्यकाल में राज्य व जिले में चहुंमुखी विकास हुआ है।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिहं सजवाण

    एम्स, ऋषिकेश में कोलन कैंसर जनजागरूकता माह के तहत आयोजित कार्यक्रम में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने बताया कि बदलती जीवनशैली, असंतुलित खानपान और शारीरिक गतिविधियों की कमी के कारण भारत में कोलोरेक्टल कैंसर (बड़ी आंत और मलाशय का कैंसर) के मामलों में तेजी से वृद्धि हो रही है। उनका कहना है कि यह समस्या अब केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं रही, बल्कि युवाओं में भी इसके मामले तेजी से सामने आ रहे हैं।
    एम्स ऋषिकेश के मेडिकल ऑन्कोलॉजी विभाग कीओर से कोलन कैंसर जागरूकता माह के तहत ओपीडी में विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों, उनके तीमारदारों व अन्य नागरिकों को कोलोरेक्टल कैंसर के कारण, लक्षण, बचाव और उपचार के बाबत विस्तृत जानकारी दी।


    चिकित्सकों ने बताया कि कोलोरेक्टल कैंसर एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या बनती जा रही है, लेकिन समय रहते स्क्रीनिंग, स्वस्थ जीवनशैली और जागरूकता से इसे रोका जा सकता है। इस दौरान चिकित्सकों ने सभी लोगों से संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की अपील की।
    कार्यक्रम में डॉ. मयंक , डॉ. अनुषा, डॉ. साईं, डॉ. हर्षा, अंकित तिवारी, आरती राणा, अनुराग पाल, विनीता सैनी, धानीराम पांडेय, कुमुद बडोनी, गणेश पेटवाल आदि मौजूद रहे।

    इंसेट

    कोलन कैंसर के कारण और जोखिम
    कार्यक्रम के दौरान कैंसर चिकित्सा विभाग के सह आचार्य डॉ. अमित सहरावत ने बताया कि कोलोरेक्टल कैंसर भारत में छठे स्थान पर सबसे अधिक होने वाले कैंसर में शामिल है। उन्होंने बताया कि फास्टफूड, अधिक वसायुक्त आहार, रेड मीट, शराब और धूम्रपान जैसे कारकों से कोलन कैंसर का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, आनुवांशिक कारण, मोटापा, तनाव और शारीरिक निष्क्रियता भी इस बीमारी को बढ़ावा देते हैं।

    पहचान और लक्षण
    विशेषज्ञ चिकित्सकों के मुताबिक इस बीमारी के शुरुआती चरण में कोई विशेष लक्षण दिखाई नहीं देते, लेकिन समय के साथ निम्नलिखित संकेत देखने को मिल सकते हैं।
    मल त्याग की आदतों में बदलाव (लगातार कब्ज या दस्त),मल में खून आना,पेट में लगातार दर्द या सूजन रहना,अचानक वजन घटना,कमजोरी और थकान महसूस होना।

    निदान और उपचार
    विशेषज्ञों ने बताया कि कोलन कैंसर की कोलोनोस्कोपी, मल परीक्षण, सीटी स्कैन और रक्त परीक्षण के माध्यम से प्रारंभिक अवस्था में पहचान की जा सकती है। यदि बीमारी का शीघ्र निदान हो जाए तो इसका इलाज संभव है।
    कोलन कैंसर के उपचार में सर्जरी, कीमोथेरेपी, इम्यूनोथेरेपी और रेडिएशन थेरेपी जैसी चिकित्सा पद्धतियों से उपयोग किया जाता है।

    बचाव के लिए जागरूकता जरूरी
    डॉ. सहरावत ने बताया कि कोलन कैंसर से बचने के लिए नियमित व्यायाम, संतुलित आहार, अधिक फल और सब्जियों का सेवन तथा अल्कोहल और तंबाकू से दूरी बनाकर रखी जानी चाहिए। उन्होंने बताया कि जिन लोगों के परिवार में पहले किसी को कोलन कैंसर हो चुका है, उन्हें नियमितरूप से स्क्रीनिंग टेस्ट कराना चाहिए।

    भारत में बढ़ रहा है कोलोरेक्टल कैंसर
    एम्स के सह-आचार्य डॉ. दीपक सुंदरियाल के अनुसार, पश्चिमी देशों की तुलना में भारत में अब तक कोलोरेक्टल कैंसर के मामले कम थे, लेकिन हाल के वर्षों में शहरीकरण, अनियमित दिनचर्या और अस्वस्थ खानपान के कारण यह बीमारी तेजी से बढ़ रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की रिपोर्ट के अनुसार, फास्टफूड और सॉफ्ट ड्रिंक्स का अत्यधिक सेवन युवाओं में मोटापा, हृदय रोग और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन रहा है।

    जागरूकता मुहिम की आवश्यकता

    एम्स ऋषिकेश के विशेषज्ञों ने बताया कि भारत में कैंसर से संबंधित भ्रांतियां और जागरूकता की कमी के कारण मरीज अक्सर समय पर जांच नहीं कराते, जिससे बीमारी गंभीर स्तर तक पहुंच जाती है। उन्होंने कहा कि कोलन कैंसर जागरूकता अभियान को सिर्फ एक माह तक सीमित नहीं रखकर इसे पूरे वर्ष चलाने की जरूरत है, जिससे लोग इस बीमारी के प्रति सतर्क हो सकें और समय पर उपचार करा सकें।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    प्रदेश के शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट कार्यों और शिक्षा क्षेत्र में दिए गए महत्वपूर्ण योगदान के लिए शैलेश मटियानी पुरस्कार से सम्मानित किया गया। शासन ने पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिक्षकों की सूची जारी कर दी है।


    इस पुरस्कार का उद्देश्य शिक्षा के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने वाले शिक्षकों को प्रोत्साहित करना और उनकी सेवाओं को सम्मानित करना है।

    इस वर्ष, प्रदेशभर से कई शिक्षकों का चयन किया गया है,जिसमे स्वर्गीय लाखीराम सजवाण राजकीय इंटर कॉलेज डुंडा गणित प्रवक्ता गीतांजलि जोशी को प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया जायेगा


    शैलेश मटियानी पुरस्कार प्रदेश के उन शिक्षकों को दिया जाता है, जिन्होंने न केवल शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाने में योगदान दिया है, बल्कि छात्रों के सर्वांगीण विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।


    यह पुरस्कार शिक्षकों को और अधिक समर्पण और नवाचार के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित करेगा।

    इसमें प्रदेश के 4000 शिक्षकों ने आवेदन किया था जिसमें से 16 शिक्षकों


    जिसमें शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा। शैलेश मटयानि शौक्षिक सम्मान के लिये विधालय की गणित प्रवक्ता का नाम सुची मे सम्मिलित होने पर विधालय प्रधानचार्य सरेन्द्र दत्त उनियाल व शिक्षक /शिक्षिकाओ व विधालय परिवार व क्षेत्रवासियो ने शुभकामनायें दी। पुरस्कार का आयोजन शिक्षक दिवश 5सितंम्बर को राज्यपाल की उपस्थित मे राजभवन मे शिक्षा मंत्री के द्धारा दिया जायेगा।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिहं सजवाण

    विश्व जल दिवस पर आज विकास भवन परिसर राम वाटिका में मुख्य विकास अधिकारी एस० एल० सेमवाल ने रूद्राक्ष का वृक्ष रोपित कर पर्यावरण संरक्षण को लेकर अपने आस-पास अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने का संन्देश दिया।



    उन्होंने कहा कि जल संरक्षण व संवर्धन के लिये समय-समय वृक्षारोपण करना बेहद जरूरी है।ताकि प्राकृतिक जल स्रोत जीवित रह सके। हम सभी यह सुनिश्चित करें कि प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण को लेकर जागरूकता के साथ सामूहिक जन सहभागिता जरूरी है। 



    आइये और पर्यावरण को स्वच्छ बनाकर व जल संवर्द्धन के संरक्षण को लेकर वृक्षारोपण कर अपनी नैतिक जिम्मेदारी का निर्वाहन करें।



    तत्पश्चात उन्होंने राम वाटिका का निरीक्षण कर वाटिका में साफ-सफाई तथा रोपित पौधों के संरक्षण को लेकर सम्बंधित विभागीय अधिकारियों को पौधों की रेख- देख को लेकर समय-समय पर वाटिका का निरीक्षण करने को कहा।



    इस मौके पर परियोजना निदेशक अजय सिंह, स्वजल विशेषज्ञ प्रताप मटूड़ा, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी केपी मेहता, धीरेन्द्र असवाल, प्रदीप रावत आदि उपस्थित रहे।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिहं सजवाण

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी रेंजर्स ग्राउण्ड, देहरादून में कंचनपुर उद्योग वाणिज्य संघ द्वारा आयोजित इण्डो नेपाल अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला तथा पर्यटन महोत्सव में पुष्कर सिहं धामी ने प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने भारत और नेपाल के स्थानीय उत्पादों पर आधारित स्टालों का भी अवलोकन किया।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह महोत्सव, भारत और नेपाल के बीच सांस्कृतिक और भावनात्मक संबंधों को बढ़ाएगा। इससे हमारी समृद्ध परंपराओं को संजोए रखने और आने वाली पीढ़ियों तक पहुँचाने में भी योगदान मिलेगा। उन्होंने कहा भारत और नेपाल के बीच सदियों से धार्मिक, सांस्कृतिक, व्यापारिक और रोटी-बेटी का संबंध रहा है। जब जब प्रभु श्रीराम और माता सीता को याद किया जाएगा, तब-तब भारत और नेपाल के संबंधों का उल्लेख भी अवश्य होगा। उन्होंने कहा अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर के निर्माण में नेपाल की सनातनी जनता की आस्था को भी देखा गया।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत और नेपाल के संबंध और भी अधिक मजबूत हो रहे हैं। दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक संबंधों के साथ ही व्यापारिक संबंधों को भी आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा नेपाल और भारत के सीमावर्ती क्षेत्रों में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। उत्तराखण्ड से लेकर नेपाल तक अनेक पर्यटन और धार्मिक स्थल हैं, जहां आस्था और प्राकृतिक सौंदर्य का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। उत्तराखण्ड सरकार, उत्तराखण्ड और नेपाल के बीच व्यापार को सुगम बनाने के लिए सीमावर्ती क्षेत्र में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास कर रही है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रारंभ की गई नेबरहुड फर्स्ट नीति के अंतर्गत नेपाल को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। इस नीति के माध्यम से दोनों देशों में आर्थिक विकास को गति प्रदान की जा रही है। केंद्र सरकार के सहयोग से विभिन्न स्तरों पर कनेक्टिविटी, व्यापार, संस्कृति, रक्षा तथा जनसंपर्क को भी निरंतर बढ़ावा दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री द्वारा अयोध्या से जनकपुर के बीच बस सेवा प्रारंभ की गई थी। उन्होंने कहा काली नदी पर प्रस्तावित पंचेश्वर बांध परियोजना के माध्यम से साझा ऊर्जा उत्पादन का भी संकल्प दोनों देशों ने लिया है। जिससे सीमावर्ती क्षेत्रों की ऊर्जा आवश्यकताओं की पूर्ति होगी, और दोनों देशों की आर्थिकी को भी बल मिलेगा।

    इस अवसर पर राजेंद्र सिंह रावल (पूर्व मुख्यमंत्री सुदूर पश्चिम प्रदेश, नेपाल ), पीतांबर जोशी (अध्यक्ष कंचनपुर उद्योग वाणिज्य संघ), विधायक खजान दास, दिवान सिंह बिष्ट , श्री विक्रम धामी , प्रकाश रावल, श्रीमती जानकी कुंवर एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    उत्तरकाशी मे लगतार मोटरसाइकिल से खरनाक व जानलेवा स्टंट की वीडियो बनाकर लगातार सोशल मीडिया पर वायरल की जा रही थी, उत्तरकाशी पुलिस द्वारा वीडियो का संज्ञान लेते हुए निरीक्षक यातायात राजेन्द्र नाथ द्वारा यातायात नियमों का उल्लंघन करने पर उत्तरकाशी निवासी इस युवक के विरुद्ध चालानी कार्रवाई की गयी।

    साथ ही युवक की काउंसलिंग कर भविष्य में इस प्रकार की पुनरावृत्ति न करने की हिदायत दी गयी।


    युवक द्वारा मांफी मांगते हुए भविष्य में ऐसा कृत्य न करने व अन्य लोगों से भी ऐसा न करने की अपील की गयी।

  • उत्तरकाशी //विवेक सिंह सजवाण

    उच्च हिमालयी क्षेत्रों में जलवायु संरक्षण और विकास का संतुलन जरूरी

    उच्च हिमालयी क्षेत्रों में निवास करने वाले स्थानीय लोगों, पर्वतारोहियों, तीर्थयात्रियों, पर्यटकों और सीमाओं पर तैनात सैन्य कर्मियों के स्वास्थ्य और उनकी बीमारियों पर व्यापक चर्चा करने के उद्देश्य से एम्स ऋषिकेश द्वारा उत्तरकाशी के नेहरू पर्वतारोहण संस्थान में संयुक्त रूप से राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। दो दिवसीय सम्मेलन में देश भर के विभिन्न संस्थानों के चिकित्सा विशेषज्ञों और विभागाध्यक्षों ने हिमालयी राज्यों में स्वस्थ जीवन के लिए जलवायु संरक्षण और विकास के संतुलन की आवश्यकता पर जोर दिया।

    उत्तरकाशी स्थित नेहरू पर्वतारोहन संस्थान (निम) में आयोजित यह सम्मेलन एम्स ऋषिकेश के फिजियोलॉजी विभाग और निम द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया गया था। इंडियन सोसाइटी ऑफ हाइपोक्सिया एंड माउंटेन मेडिसिन के इस पहले दो दिवसीय राष्ट्रीय का उद्घाटन लेफ्टिनेंट जनरल वेलू नायर पीवीएसएम, कर्नल सी.वी. आप्टे, कर्नल एच.एस. चैहान, प्रोफेसर प्रशांत पाटिल, प्रोफेसर लतिका मोहन और कर्नल एस.पी. सिंह ने संयुक्त रूप से किया। ’हिमालय में मनुष्य’ थीम पर आयोजित इस सम्मेलन के दौरान विशेषज्ञों ने इस बात पर गहरी चिन्ता जतायी कि बदलते पर्यावरण और विकास के नाम पर उच्च हिमालयी क्षेत्रों में लगातार बढ़ रही मानव दखलअंदाजी की वजह से जनमानस के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। कर्नल सी.वी. आप्टे, कर्नल एच.एस. चैहान और लेफ्टिनेंट जनरल वेलू नायर सहित एम्स के फिजियोलाॅजी विभाग की हेड प्रो. लतिका मोहन ने माउंटेन मेडिसिन और हाइपोक्सिया के बारे में विस्तार से प्रकाश डाला और हिमालीय क्षेत्रों में पर्याप्त स्तर पर ऑक्सीजन की उपलब्धता हेतु कुछ जरूरी कदम उठाने पर जोर दिया।

    दूसरे दिन हिमालयी राज्यों के उच्च क्षेत्रों में होने वाली मानवीय गतिविधियों, जलवायु संरक्षण और विकास के संतुलन के प्रमुख पहलुओं पर पैनल चर्चा की गयी। एसडीसी फाउंडेशन उत्तराखंड के संस्थापक अनूप नौटियाल के संचालन में चले इस पैनल डिसकशन मे पैनालिस्ट के तौर पर यूथ फाउंडेशन के संस्थापक कर्नल अजय कोठियाल, स्वामी विवेकानंद स्वास्थ्य मिशन के सचिव डॉ. अनुज सिंघल, एलबीएएसएएनएए के सीएमओ डॉ. मयंक बडोला और एयरोस्पेस मेडिसिन की कर्नल शैलजा कार्की आदि शामिल थे।

    एम्स ऋषिकेश के फिजियोलाॅजी विभाग की हेड प्रोफेसर लतिका मोहन और नेहरू पर्वतावरोहण संस्थान के प्रिसिंपल कर्नल अंशुमान भदौरिया की अध्यक्षता में आयोजित सम्मेलन को कर्नल सुरिंदर पाल सिंह, कर्नल राकेश वर्मा, प्रोफेसर जाहिद अशरफ और डॉ. जयंती पंत सहित कई अन्य विशेषज्ञों ने भी संबोधित किया।

    सम्मेलन में डीआईपीएएस, आईटीबीपी, भारतीय सशस्त्र बलों, ग्राफिक एरा, एएफएमसी पुणे के स्नातक छात्रों और विभिन्न संस्थानों के युवा पीएचडी विद्वानों के प्रख्यात वक्ताओं और नए उभरते शोधकर्ताओं ने प्रतिभाग किया।