• उत्तरकाशी /विवेक सिंह सजवाण

    जिलाधिकारी/ जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट एवं पुलिस अधीक्षक उत्तरकाशी श्रीमती सरिता डोबाल द्वारा नागर स्थानीय निकाय सामान्य निर्वाचन के दृष्टिगत आज  जिले की यमुना घाटी के नगर निकायों के मतगणना केन्द्रों का निरीक्षण कर अधिकारियों को निकाय चुनावों को स्वतंत्र, निष्पक्ष, शांतिपूर्ण ढंग से संपादित करने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने कहा मतदान व मतणना केन्द्रों पर सुरक्षा के प्रभावी प्रबंध किए जांय और चुनाव से जुड़ी सभी कार्रवाईयों में नियमों व प्रक्रियाओं का समुचित अनुपालन करने के साथ ही पारदर्शिता व निष्पक्षता का भी पूरा ध्यान रखा जाय।


    यमुना घाटी भ्रमण के दौरान उनके द्वारा सबसे पहले नगर पालिका परिषद बड़कोट एवं नगर पंचायत नौगांव के लिए तहसील कार्यालय भवन बड़कोट में निर्धारित मतगणना स्थल एवं स्ट्रांग रूम की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। इसके बाद जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा पुरोला मे नगर पालिका परिषद पुरोला के मतगणना के लिए तहसील भवन पुरोला में निर्धारित केन्द्र और स्ट्रांग रूम की व्यवस्थाओं की पड़ताल की एवं सुरक्षा प्रबंधों को परखा।


    इस दौरान जिलाधिकारी ने यमुना घाटी के तीनो नगर निकायों के चुनावों को लेकर की गई व्यवस्थाओं एवं मतदान को लेकर की गई व्यवस्थाओं की भी जानकारी ली और रिटर्निंग अधिकारियों को चुनाव से जुड़ी सभी व्यवस्थायेंं चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने आदर्श आचार संहिता का पूरी तरह से अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश देते हुए कहा कि निकाय चुनावों के दौरान शांति व्यवस्था को प्रभावित करने तथा आचार संहिता उल्लंघन के मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाय।

    SP उत्तरकाशी द्वारा चुनाव को पूर्णतया पारदर्शी तथा निर्बाध रुप से सम्पन्न करवाने हेतु संम्बधित अधिकारियों को सभी मतदान केंन्द्रो व स्ट्रांग रूम सुरक्षा के अचूक उपाय करने हेतु जरुरी हिदायतें दी गयी।

    पुलिस के अधिकारियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिये गये।

    निरीक्षण के दौरान उप जिलाधिकारी बड़कोट बृजेश कुमार तिवारी, उप जिलाधिकारी पुरोला गोपाल सिंह चौहान, निरीक्षक भावना कैन्थोला, तहसीलदार बड़कोट रीनू सैनी, थानाध्यक्ष बड़कोट दीपक कठेत, थानाध्यक्ष पुरोला मोहन कठेत सहित अन्य अधिकारीगण भी उपस्थिति रहे।

  • उत्तरकाशी /विवेक सिहं सजवाण

    अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, ऋषिकेश की ओर से संचालित आपातकालीन एयर एंबुलेंस सेवा दुर्घटनाओं में गंभीर घायलों व अत्यधिक अस्वस्थ सुदूरवर्ती क्षेत्रों के मरीजों के लिए जीवनदायिनी साबित हो रही है। हररोज सूबे के विभिन्न जनपदों से एयर लिफ्ट कर एम्स अस्पताल में पहुंच रहे मरीज इसके प्रमाण हैं। लोग गंभीर श्रेणी के मरीजों को तत्काल व उच्चस्तरीय स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए एम्स व राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से संचालित इस आपातकालीन सेवा का बखूबी लाभ ले रहे हैं। एंम्स द्वारा संचालित हेली एंबुलेंस के नोडल अधिकारी डॉ. मधुर उनियाल ने बताया कि हेली एंबुलेंस ट्रॉमा के मरीजों के साथ साथ लगातार हृदय रोग, सांस रोग, स्ट्रॉक आदि से ग्रसित गंभीर रोगियों व प्रसूताओं के लिए भी तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के मामले में लाभदायक साबित हो रही है।


    बीते बुधवार को उत्तरकाशी से एक गंभीर केटेग्री की गंर्भवती महिला पेशेंट को हेली एंबुलेंस के माध्यम से चिकित्सा के लिए एम्स पहुंचाया गया, जिसे सुरक्षित डिलीवरी के मुकम्मल संसाधनों के अभाव में स्थानीय अस्पताल से हायर सेंटर एम्स,ऋषिकेश के लिए रेफरल किया गया। डॉ. कविता खोईवाल व सीनियर नर्सिंग ऑफिसर अखिलेश उनियाल के आब्जर्वेशन में एम्स अस्पताल पहुंची पेशेंट का प्रसूति विभाग के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा सफलतापूर्वक हाई रिस्क सर्जरी को अंजाम देकर सकुशल प्रसव कराया गया, बताया गया है कि जच्चा बच्चा दोनों पूरी तरह से स्वस्थ हैं।


    इसी प्रकार बुधवार को ही गौचर से हार्ट अटैक से ग्रसित पेशेंट को चेस्ट पेन की शिकायत पर हेली एंबुलेंस से एम्स पहुंचाया गया।

    जिसे डॉ. निशांत मिश्रा व नर्सिंग ऑफिसर ताराचंद वर्मा की देखरेख में एम्स अस्पताल लाया गया है, मरीज का इमरजेंसी मेडिसिन विभाग के विशेषज्ञों द्वारा इमरजेंसी रेड एरिया में आपातकालीन चिकित्सा दी गई, इसके बाद पेशेंट को कॉर्डियो आईपीडी में भर्ती किया गया है, जहां हृदय रोग विशेषज्ञों द्वारा मरीज की सफलतापूर्वक हाईरिस्क सर्जरी की गई है। चिकित्सकों के अनुसार अब मरीज पूरी तरह स्वस्थ है एवं उन्हें अंडर ऑब्जर्वेशन में रखा गया है।

    इंसेट
    एम्स ऋषिकेश द्वारा संचालित और राज्य सरकार की ओर जनसुविधा को समर्पित हेली एम्बुलेंस सेवा सदैव उत्तराखंड में आपातकालीन स्थिति में सेवाएं देने के लिए तत्पर रहेगी। गंभीर मरीजों व प्रसूताओं के लिए यह संजीवनी सेवा पूरी तरह से निशुल्क सेवा है। उत्तराखंड राज्य में जनसामान्य को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने के लिए एम्स का उत्तराखंड सरकार को पूर्ण सहयोग मिलेगा।

  • उत्तरकाशी /विवेक सिंह सजवाण

    बीते बुधवार को भीमताल, नैनीताल में हुई सड़क दुर्घटना के दो गंभीर घायलों को बृहस्पतिवार को हेली एंबुलेंस से एम्स,ऋषिकेश लाया गया। जहां ट्रॉमा सेंटर में घायलों का उपचार जारी है। विशेषज्ञ चिकित्सकों के अनुसार दोनों पेशेंट्स की स्थिति गंभीर बनी हुई है।

    कार्यकारी निदेशक एम्स प्रोफेसर डॉ. मीनू सिंह ने बताया कि एम्स ऋषिकेश आपात एवं ट्रॉमा चिकित्सा के मामलों में राज्य सरकार को हमेशा सहयोग करती है और सरकार को ऐसे गंभीर मामलों में एम्स के विशेषज्ञों व चिकित्सा संसाधनों का सहयोग हमेशा मिलेगा। जिससे गंभीर मरीजों व घायलों का जीवन सुरक्षित किया जा सके।


    एम्स,ऋषिकेश द्वारा संचालित हेली एंबुलेंस सेवा के नोडल अधिकारी एवं एम्स के ट्रॉमा विशेषज्ञ डॉ. मधुर उनियाल ने बताया कि बीते बुधवार को दोपहर बाद भीमताल में हुई सड़क दुर्घटना में गंभीर स्थिति के घायलों के बाबत करीब 3.15 बजे एम्स, ऋषिकेश ट्रामा टेलीमेडिसीन विभाग को सूचना दी गई, जिसके बाद एम्स की कार्यकारी निदेशक प्रोफेसर डॉ. मीनू सिंह के निर्देशन में ट्रॉमा विशेषज्ञों की टीम हेलीकॉफ्टर के माध्यम से घटनास्थल के लिए तत्काल रवाना की गई। जिसमें डॉक्टर रोहित चौहान के साथ सीनियर नर्सिंग ऑफिसर मो. आसिफ, एनओ ताराचंद वर्मा को मरीजों की प्रारंभिक स्थिति एवं प्राथमिक उपचार हेतू भेजा गया। हेली इमरजेंसी टीम द्वारा घटनास्थल से प्राथमिक उपचार के साथ सुशीला तिवारी हाॉस्पिटल तक मरीजों को पहुंचाया गया।
    जहां हेली इमरजेंसी चिकित्सकीय दल द्वारा बृहस्पतिवार तड़के तीन बजे तक गंभीर श्रेणी के घायलों को हायर सेंटर के लिए चिह्नित किया गया। जिनमें से पहली गंभीर घायल नेहा पंत को बृहस्पतिवार सुबह लगभग 10 बजे हेली एंबुलेंस से उपचार के लिए एसएनओ दीपिका कांडपाल व मो. आसिफ की देखरेख में एम्स ट्रॉमा सेंटर लाया गया, जबकि दूसरे गंभीर घायल मनीष रावत को हेली एंबुलेंस सेवा के माध्यम से अपराह्न 2.49 बजे एसएनओ दीपिका व एनओ ताराचंद वर्मा के सुपरविजन में एम्स पहुंचाया गया। जहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में ट्रॉमा इमरजेंसी में दोनों घायलों का उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार दोनों मरीज वेंटीलेटर पर हैं।


    उधर, बृहस्पतिवार सुबह गंभीर घायल को लेकर एम्स पहुंची हेली एंबुलेंस के माध्यम से एम्स के ट्रॉमा सर्जन डॉ. मधुर उनियाल सुशीला तिवारी अस्पताल, हल्द्वानी पहुंचे, जहां सुशीला तिवारी अस्पताल की मेडिकल टीम के साथ एम्स के ट्रॉमा विशेषज्ञों की निगरानी में गंभीर घायलों का इलाज जारी है। बताया गया है कि कुछ अन्य घायलों को हल्द्वानी अस्पताल से हेली एंबुलेंस से शुक्रवार को एम्स ऋषिकेश लाया जा सकता है।

  •   बस मे सवार थे तीस लोग

    उत्तरकाशी विवेक सिंह सजवाण
    जखोल से से देहरादून जा रही उत्तराखण्ड परिवहन निगम की एक बस संख्याUK 74177 आज सुबह सुनकुंडी गांव के पास सड़क से बाहर पलट जाने से दुर्घटनाग्रस्त हो जाने की सूचना मिली है।

    प्राप्त सूचना के अनुसार इस बस में लगभग 25 यात्री सवार थे, जिनमें से पांच लोग सामान्य रूप से घायल हुए हैं अन्य लोग सुरक्षित बताए गए हैं। घायलों को उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मोरी लाया जा रहा है। मोरी से घटना स्थल के लिए एम्बुलेंस भेजी गई है।

    जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने क्षेत्र के अधिकारियों से घटना की जानकारी लेते हुए राहत और बचाव कार्य को तेजी से संचालित करने के निर्देश दिए हैं और घायलों का समुचित इलाज सुनिश्चित करने की व्यवस्था करने को कहा है।


    स्वास्थ्य विभाग के साथ ही राजस्व पुलिस विभाग और एसडीआरएफ की टीम मौके पर भेजी गई है।

    अपडेट👇
    प्राप्त सूचना के अनुसार इस बस में 30 लोग सवार थे। जखोल से 2 किलोमीटर आगे निकलने के बाद ही सुनकुंडी गांव के पास बस सड़क के बाहरी किनारे पर  पलट गई थी। बस में सवार सात लोगों के सामान्य रूप से घायल होने की सूचना है, जिन्हें उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोरी लाया जा रहा है बाकी लोग सुरक्षित हैं ।

    जिलाधिकारी ने इस बस में सवार जखोल गांव के सुरेंद्र सिंह तथा अन्य लोगों से दूरभाष पर पर बात कर इस घटना और यात्रियों की कुशलता के बारे में जानकारी ली।

  • उत्तरकाशी विवेक सिंह सजवाण

    मकर संक्रांति के पर्व पर उत्तरकाशी में सुप्रसिद्ध माघ मेला आज से शुरू हो गया है। इस मेले का उद्घाटन बाड़ाहाट पट्टी के आराध्य कंडार देवता तथा बाड़ागड्डी क्षेत्र के हरि महाराज की डोली के सानिध्य में जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट के द्वारा किया गया। उत्तरकाशी जिले की विशिष्ट धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं का संवाहक बाड़ाहाट का थौलू के नाम से प्रचलित यह मेला सप्ताह भर तक चलेगा।माघ मेला में भाग लेने के लिए विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में ग्रामीण लोक देवताओं की डोलियों और धार्मिक प्रतीकों के साथ उत्तरकाशी पहॅुंचे। गंगा नदी में पर्व स्नान करने के बाद कंडार देवता व हरि महाराज सहित अनेक देवडोलियों के साथ स्थानीय ग्रामीणों ने बाड़ाहाट (उत्तरकाशी नगर का पुरातन क्षेत्र) स्थित चमाला की चौंरी पर पहॅुचकर डोलीनृत्य व रासो-तांदी नृत्य कर बाड़ाहाट के थौलू (मेला) की अनूठी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं की छटा बिखेरी।

    अपराह्न में रामलीला मैदान में कंडार देवता व हरि महाराज की आगवानी में जिलाधिकारी डा. मेहरबान सिंह बिष्ट के द्वारा रिबन काटने के साथ ही दीप प्रज्जवलित कर माघ मेला का औपचारिक शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर मेला पांडाल में घण्डियाल देवता, खंडद्वारी देवी, राज-राजेश्वरी देवी, त्रिपुर सुंदरी व दक्षिण काली सहित अनेक देवडोलियों व धार्मिक प्रतीकों की भी उपस्थिति रही। उद्घाटन कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक सरिता डोबाल, मेला के प्रशासक एवं मुख्य विकास अधिकारी एसएल सेमवाल, अपर जिलाधिकारी पीएल शाह सहित अन्य अधिकारियों ने भी प्रतिभाग किया।

    उद्घाटन समारोह में त्रृषिराम शिक्षण संस्थान की छात्राओं ने स्वागत गान एवं नृत्य प्रस्तुत किया।

    इस अवसर पर पाटा-संगराली-बग्याल गांव, मांडौ सहित बाड़ागड़ी व बाड़ाहाट क्षेत्र के विभिन्न गांवों के लोगों ने रासो नृत्य एवं पांडव नृत्य की प्रस्तुति देकर माघ मेला के अवसर पर आयोजित होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला का आगाज किया।

  • उत्तरकाशी :विवेक सिंह सजवाण

    मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने राष्ट्रीय खेलों को लेकर चल रही तैयारी के बीच राज्य में प्रदेशवासियों से सामूहिक रूप से देवभूमि आ रहे खिलाड़ियों के स्वागत में विभिन्न सोशल मीडिया अकाउंट्स की DP पर राष्ट्रीय खेलों का लोगो लगाए जाने का आग्रह किया है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड को राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी करने का जो गौरव प्राप्त हुआ है, वो ऐतिहासिक है। आगामी राष्ट्रीय खलों में देशभर के विभिन्न राज्यों से लगभग 10,000 खिलाड़ी देवभूमि आ रहे हैं। उन्होंने जनता से निवेदन करते हुए कहा कि हमारी ‘अतिथि देवो भवः’ की संस्कृति का पालन करते हुए, सभी खिलाड़ियों का गर्मजोशी से स्वागत करना है। और उनके उत्साहवर्धन हेतु अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स की DP पर राष्ट्रीय खेलों का लोगो लगाना है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की जनता सामूहिक तौर पर सभी खिलाड़ियों का स्वागत करेगी। सभी ने मिलकर आगामी राष्ट्रीय खेलों को विशेष और ऐतिहासिक बनाना है। हमारा यह कर्तव्य है कि देवभूमि आ रहे खिलाड़ी, हमारे राज्य से बेहतर यादें और अनुभव लेकर जाएं। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के कथन 21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक बनाए जाने के संकल्प में राष्ट्रीय खेल भी सहायक सद्ध होंगे।

  •    माघ मेला, उत्तरकाशी 2025