मेरे सज्ञान मे आज आया है कि दो दिन पहले कुछ समाचार पोर्टल पर मेरे नाम व अध्यक्ष पत्रकार संघ के नाम से खबर प्रकाशित हुई थी जो की मेरा अधिकारीक वायन नही है । न ही मैने सुनील थपलियाल व प्रकाश रांगड को लेकर प्रेस नोट जारी किया । न ही उक्त दोनो साथियों के प्रति व्यक्तिगत टिप्पणी की गयी थी । जिसका मैं खडन करता हूँ । मैं किसी पर व्यक्तिगत आरोप लागने का पक्षधर नही हूँ ।
पत्रकार सुनील थपलियाल से मेरे वयक्तिगत मधुर संबध व वर्षों पुरानी मित्रता भी है । प्रकाश रांगड मेरे छोटे भाई जैसा ही है । मुझे खेद है ऐसा समाचार मेरे नाम से कैसे प्रकाशित हो गया ? जब कि मेरे द्वारा ऐसा बयान दिया ही नही गया । मैं और सुनील थपलियाल भाले दो अलग अलग संगठनो के अध्यक्ष है ।

कुछ बातों को लेकर मतभेद हो सकता है लेकिन मन भेद नही हैं । मैं किसी के भी प्रति व्यक्तिगत टिप्पणी के सख्त खिलाफ हूँ । यदि आप दोनो साथी की भावना आहत हुई हो तो मै क्षमा प्रार्थी हूँ । ये आदर्श परंपरा भी नही है । सभी साथियों से अपील करता हूँ वयक्तिगत आरोप न लगाये ,इससे हमारा वयक्तित्व भी प्रभावित होता है ।भूलवश या अज्ञानवश जिन साथीयों ने समाचार प्रकाशित किये ।उन सब की तरफ से भी क्षमा प्रार्थी हूं । विवेक सिहं सजवाण , अध्यक्ष पत्रकार संगठन उत्तरकाशी ।

